
|20 नवंबर 2025 | जगदलपुर
जगदलपुर में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने की दिशा में गुरुवार को स्वशासी प्रबंधकारिणी समिति की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। स्वर्गीय बलीराम कश्यप स्मृति शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय डिमरापाल के सभाकक्ष में हुई इस बैठक की अध्यक्षता संभागीय कमिश्नर एवं पदेन अध्यक्ष डोमन सिंह ने की। बैठक में मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल की वर्तमान स्थिति, सुविधाओं का विस्तार, नए प्रोजेक्ट्स का क्रियान्वयन और आगामी योजनाओं पर विस्तृत चर्चा की गई।
बैठक के दौरान कमिश्नर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि हॉस्पिटल में मरीजों को बेहतर से बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराना सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि बस्तर अंचल की जनता चिकित्सा सुविधाओं के लिए मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल पर निर्भर है, इसलिए उपचार में संवेदनशीलता और तत्परता दिखाना अनिवार्य है। उन्होंने यह भी कहा कि “मरीजों की जरूरत को समझते हुए हर विभाग को पूरी जिम्मेदारी के साथ कार्य करना होगा, ताकि लोगों को समय पर और गुणवत्तापूर्ण इलाज मिल सके।”
किलकारी योजनांतर्गत झूला घर जल्द शुरू होगा
बैठक में गत स्वशासी समिति के निर्णयों की समीक्षा करते हुए कमिश्नर ने निर्देश दिया कि किलकारी योजना के तहत मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल में झूला घर का संचालन अतिशीघ्र प्रारंभ किया जाए। यह विशेष सुविधा नवजात शिशुओं और माताओं को सुरक्षित एवं आरामदायक वातावरण प्रदान करेगी।
आपदा प्रबंधन को और मजबूत बनाएगा नेशनल इमरजेंसी लाइव सपोर्ट प्रोजेक्ट
केंद्रीय योजनांतर्गत मेडिकल कॉलेज में प्रारंभ किए गए नेशनल इमरजेंसी लाइव सपोर्ट प्रोजेक्ट पर भी चर्चा हुई। इस प्रोजेक्ट के तहत बस्तर संभाग के सभी चिकित्सालयों के डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों को प्राथमिक लाइव सपोर्ट की ट्रेनिंग दी जाएगी। यह प्रशिक्षण आपदा और आपात स्थितियों में मरीजों की जान बचाने में महत्वपूर्ण सिद्ध होगा।
आयुष्मान वय वंदन योजना से वरिष्ठ नागरिकों को राहत
हॉस्पिटल में 70 वर्ष एवं उससे अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों को आयुष्मान वय वंदन योजना के तहत मात्र 24 घंटे में कार्ड उपलब्ध करवाए जा रहे हैं। कमिश्नर ने इस सेवा को और अधिक प्रभावी बनाने के निर्देश दिए ताकि वरिष्ठ नागरिकों को तत्काल चिकित्सा सुविधा सुनिश्चित की जा सके।
मोतियाबिंद पीड़ितों के ऑपरेशन को प्राथमिकता
कमिश्नर ने कहा कि वर्तमान मौसम मोतियाबिंद ऑपरेशन के लिए उपयुक्त है। इसलिए सुकमा, दंतेवाड़ा, नारायणपुर और कोंडागांव जिलों के चिन्हित मरीजों का जल्द से जल्द ऑपरेशन किया जाए। उन्होंने विशेष रूप से उन मरीजों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए जो दोनों आंखों में मोतियाबिंद से पीड़ित हैं।
स्वच्छता और इंफ्रास्ट्रक्चर सुधार पर जोर
कमिश्नर ने हॉस्पिटल परिसर में बायोमेडिकल वेस्ट को छोड़कर अन्य ठोस अपशिष्ट के निपटान हेतु नगर पालिक निगम के सहयोग से आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश भी दिए।
कलेक्टर हरिस एस ने नवजात शिशुओं के टीकाकरण को 100 प्रतिशत सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
फिजियोथेरेपी कॉलेज के वैकल्पिक भवन की मरम्मत, नई ट्रांजिट हॉस्टल में बिजली व्यवस्था, कॉलेज के कॉन्फ्रेंस हॉल व सेमिनार हॉल का नवीनीकरण, छात्रावासों की मरम्मत, ई-ऑफिस संचालन हेतु हाई स्पीड इंटरनेट, जेम पोर्टल से डायलिसिस मशीन खरीद और मेडिकल कॉलेज के गेस्ट हाउस में कैंटीन संचालन हेतु टेंडर जारी करने का भी अनुमोदन किया गया।
बैठक में आयुक्त नगर पालिक निगम प्रवीण वर्मा, अधिष्ठाता डॉ. प्रदीप बेक सहित समिति के अन्य सदस्य मौजूद रहे। यह बैठक आने वाले समय में बस्तर की स्वास्थ्य सेवाओं को नई दिशा देने में मील का पत्थर साबित होगी।



















