
सारंगढ़। जिले के किसानों एवं ग्रामीण परिवारों को ग्रीष्म ऋतु से पूर्व शुद्ध एवं पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराने के उद्देश्य से डॉ. संजय कन्नौजे, कलेक्टर सारंगढ़-बिलाईगढ़ ने जल जीवन मिशन की विस्तृत समीक्षा बैठक आयोजित की। बैठक में कलेक्टर ने स्पष्ट रूप से निर्देश दिए कि मिशन के अंतर्गत सभी लंबित कार्यों को 30 मार्च तक हर हाल में पूर्ण किया जाए, ताकि ग्रीष्मकाल के दौरान किसानों और ग्रामीणों को पेयजल संकट का सामना न करना पड़े।
समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने कहा कि जल केवल पीने की आवश्यकता नहीं, बल्कि किसानों के दैनिक जीवन, पशुपालन एवं कृषि कार्यों से भी सीधे तौर पर जुड़ा हुआ है। ग्रामीण अंचलों में पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित होने से किसानों को राहत मिलती है और खेती-किसानी के साथ-साथ घरेलू कार्य भी सुचारु रूप से चलते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए जल जीवन मिशन के कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बैठक में कार्यदायी एजेंसियों द्वारा किए जा रहे कार्यों की प्रगति की गहन समीक्षा की गई। इस दौरान कुछ ठेकेदारों की गंभीर लापरवाही सामने आने पर कलेक्टर ने सख्त निर्णय लेते हुए एक ठेकेदार को ब्लैकलिस्ट करने तथा चार ठेकेदारों को पेनाल्टी सहित कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने दो टूक कहा कि किसानों और ग्रामीणों के हित से जुड़े कार्यों में लापरवाही करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।

कलेक्टर डॉ. संजय कन्नौजे ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रत्येक ग्राम में नल-जल योजना, घरेलू नल कनेक्शन, पाइपलाइन विस्तार, जल टंकी निर्माण एवं जल गुणवत्ता परीक्षण के कार्यों को प्राथमिकता से पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि सभी कार्यों का भौतिक सत्यापन अनिवार्य रूप से किया जाए, जिससे यह सुनिश्चित हो सके कि किसानों और ग्रामीण परिवारों तक वास्तव में पानी पहुंच रहा है।
समीक्षा बैठक में यह भी निर्देश दिए गए कि ग्रीष्म ऋतु के दौरान संभावित जल संकट को देखते हुए वैकल्पिक जल स्रोतों की भी पूर्व तैयारी की जाए। जहां आवश्यक हो, वहां मरम्मत एवं सुधार कार्य तत्काल कराए जाएं, ताकि खेतों में काम करने वाले किसानों और गांवों में रहने वाले लोगों को पानी की कमी से जूझना न पड़े।
कलेक्टर ने अधिकारियों से कहा कि वे नियमित रूप से गांवों का भ्रमण कर किसानों एवं ग्रामीणों से सीधा संवाद स्थापित करें और उनकी पेयजल संबंधी समस्याओं का त्वरित समाधान करें। उन्होंने दोहराया कि शासन की प्राथमिकता है कि हर ग्राम और हर किसान परिवार को स्वच्छ व सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराया जाए।
कुल मिलाकर, जल जीवन मिशन की इस समीक्षा बैठक में कलेक्टर द्वारा लिए गए कड़े और किसान-हितैषी निर्णयों से यह स्पष्ट संदेश गया कि जिला प्रशासन किसानों और ग्रामीणों की बुनियादी जरूरतों को लेकर पूरी तरह गंभीर है। इन निर्देशों के प्रभावी क्रियान्वयन से आने वाले ग्रीष्मकाल में जिले के किसानों को पेयजल संकट से बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।

किसानों के हित में प्रशासन सख्त: जल जीवन मिशन की समीक्षा बैठक में कलेक्टर डॉ. संजय कन्नौजे के निर्देश, 30 मार्च तक हर ग्राम में पेयजल सुनिश्चित">



















