
बालोद, 10 फरवरी 2026।
छत्तीसगढ़ शासन की महत्वाकांक्षी मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के अंतर्गत जिला मुख्यालय बालोद के गंजपारा स्थित पोहा मिल परिसर में आयोजित जिला स्तरीय सामूहिक विवाह कार्यक्रम में आज कुल 163 जोड़ों का विधिवत् रीति-रिवाज के साथ विवाह संपन्न कराया गया। इस आयोजन ने न केवल सामाजिक समरसता का संदेश दिया, बल्कि गरीब और जरूरतमंद परिवारों के लिए सरकार की संवेदनशील सोच को भी साकार किया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय एवं महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े वर्चुअल माध्यम से कार्यक्रम से जुड़े और नवविवाहित जोड़ों को उनके सुखद, सफल एवं मंगलमय दांपत्य जीवन के लिए हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। मुख्यमंत्री ने इस योजना को समाज के अंतिम व्यक्ति तक राहत पहुंचाने वाली योजना बताते हुए इसे सामाजिक सशक्तिकरण का सशक्त उदाहरण बताया।

कार्यक्रम में प्रत्यक्ष रूप से उपस्थित जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती तारणी पुष्पेन्द्र चंद्राकर, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री तोमन साहू, कलेक्टर श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा, सीईओ जिला पंचायत श्री सुनील चंद्रवंशी, महिला एवं बाल विकास समिति की सभापति सहित अन्य जनप्रतिनिधियों व अधिकारियों ने नवदंपत्तियों के बीच पहुंचकर उन्हें आशीर्वाद प्रदान किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कलेक्टर श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा ने कहा कि सामूहिक विवाह जैसे आयोजन समाज में समानता, सम्मान और सहयोग की भावना को मजबूत करते हैं। उन्होंने कहा कि यह दिन नवदंपत्तियों के जीवन का सबसे महत्वपूर्ण और स्मरणीय क्षण है, जिसमें शासन-प्रशासन उनके साथ खड़ा है। कलेक्टर ने सभी नवविवाहित जोड़ों को नई जिम्मेदारियों के साथ सुखद और सकारात्मक जीवन की शुभकामनाएं दीं तथा कहा कि जिला प्रशासन भविष्य में भी ऐसी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए पूरी प्रतिबद्धता से कार्य करता रहेगा।

मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने अपने संबोधन में बताया कि आज पूरे प्रदेश में आयोजित सामूहिक विवाह कार्यक्रमों के माध्यम से 6,414 जोड़े परिणय सूत्र में बंधे, जो अपने आप में एक ऐतिहासिक उपलब्धि है। उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह द्वारा शुरू की गई इस योजना को समाज के लिए वरदान बताया और कहा कि पहले जहां सहायता राशि 5 हजार रुपये थी, वहीं अब इसे बढ़ाकर 35 हजार रुपये कर दिया गया है, जो नवदंपत्तियों के नए जीवन की मजबूत शुरुआत है।
महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने भी योजना को महिलाओं के सम्मान और सशक्तिकरण से जोड़ते हुए इसके निरंतर विस्तार की बात कही।
उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत आज विवाह संपन्न करने वाले सभी नवदंपत्तियों के खातों में 35 हजार रुपये की सहायता राशि सीधे अंतरित की जाएगी। आयोजन ने प्रशासनिक समन्वय, सामाजिक सहभागिता और मानवीय संवेदनशीलता का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत किया।





















