
कोरबा। जिले के विकासखंड पौड़ी उपरोड़ा अंतर्गत आने वाले ग्राम पंचायत मिशिया और ग्राम पंचायत पौड़ी खुर्द में राशन वितरण व्यवस्था को लेकर गंभीर अव्यवस्था सामने आई है। कई ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि उन्हें पिछले दो से तीन महीनों से चावल नहीं मिला, जिससे गरीब और जरूरतमंद परिवारों के सामने भोजन की समस्या खड़ी हो गई है।
जब हमारी टीम ग्राम पंचायत मिशिया पहुंची तो कई हितग्राहियों ने बताया कि सोसाइटी संचालकों द्वारा फिंगरप्रिंट (अंगूठा) तो ले लिया गया, लेकिन उन्हें राशन नहीं दिया गया। ग्रामीणों का कहना है कि उनसे यह कहकर फिंगरप्रिंट लिया गया कि अगले महीने एक साथ राशन दे दिया जाएगा, लेकिन दो महीने बीत जाने के बाद भी चावल नहीं मिला। इससे कई परिवारों को रोजमर्रा की जरूरतों के लिए परेशानी उठानी पड़ रही है।

वहीं ग्राम पंचायत पौड़ी खुर्द में जब टीम ने स्थिति का जायजा लिया तो वहां के उप सरपंच और समिति संचालकों ने बताया कि उनके पास पर्याप्त राशन का स्टॉक ही नहीं पहुंच रहा है। उनका कहना है कि अब तक केवल पांच कट्टा चावल ही आया है, जिससे सभी हितग्राहियों को राशन देना संभव नहीं हो पा रहा है।
ग्रामीणों का कहना है कि शासन द्वारा गरीबों के लिए चलाई जा रही सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) का लाभ उन्हें समय पर नहीं मिल पा रहा है। यदि यही स्थिति बनी रही तो कई गरीब परिवारों के सामने भूखे रहने की नौबत आ सकती है।
इस पूरे मामले में जब पौड़ी उपरोड़ा क्षेत्र की फूड इंस्पेक्टर सरोज उरेती से संपर्क करने का प्रयास किया गया, तो कई बार फोन किए जाने के बावजूद उन्होंने कॉल रिसीव नहीं किया। इससे ग्रामीणों में नाराज़गी देखी जा रही है। लोगों का कहना है कि जब जिम्मेदार अधिकारी ही फोन उठाकर समस्या सुनने को तैयार नहीं हैं, तो उनकी शिकायत आखिर किसके पास जाए।
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर जल्द से जल्द राशन वितरण व्यवस्था को सुचारू किया जाए और पात्र हितग्राहियों को समय पर राशन उपलब्ध कराया जाए।

राशन वितरण में अव्यवस्था से ग्रामीण परेशान, फूड इंस्पेक्टर की चुप्पी पर भी उठे सवाल">



















