
कोरबा, 29 अगस्त 2025
प्रदेश के उप मुख्यमंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री श्री अरूण साव 30 अगस्त को पाली ब्लॉक मुख्यालय में आयोजित रेशम व कृषि मेला 2025 में विशेष अतिथि के रूप में शामिल होंगे। यह मेला जिले के किसानों, बुनकरों और रेशम उत्पादकों के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर माना जा रहा है, जहां न केवल नवीनतम कृषि तकनीकें प्रदर्शित की जाएंगी बल्कि स्थानीय उत्पादों को बाजार से जोड़ने की दिशा में भी ठोस प्रयास होंगे।
जारी कार्यक्रम के अनुसार श्री साव 30 अगस्त की सुबह 10 बजे बिलासपुर से प्रस्थान कर 11 बजे पाली पहुंचेंगे। यहां वे कृषि एवं रेशम विभाग द्वारा आयोजित विभिन्न प्रदर्शनी स्टॉलों का निरीक्षण करेंगे और किसानों, कारीगरों तथा उद्यमियों से सीधे संवाद करेंगे। कार्यक्रम में शामिल होने के बाद उप मुख्यमंत्री दोपहर 12.30 बजे पाली से पुनः बिलासपुर लौटेंगे।
कृषि व रेशम को बढ़ावा देने का प्रयास
पाली ब्लॉक व आसपास के क्षेत्र रेशम उत्पादन और पारंपरिक कृषि पद्धतियों के लिए प्रसिद्ध रहे हैं। रेशम पालन यहां के कई ग्रामीण परिवारों की आजीविका का आधार है। ऐसे में इस प्रकार का मेला किसानों और रेशम उत्पादकों को तकनीकी जानकारी देने, उत्पादन लागत कम करने और बेहतर विपणन व्यवस्था उपलब्ध कराने की दिशा में उपयोगी साबित होगा।
विशेषज्ञों का कहना है कि इस मेले में कृषि वैज्ञानिक आधुनिक खेती के तरीके, जैविक खेती, जल संरक्षण तकनीक और कीट नियंत्रण के उपायों पर जानकारी देंगे। वहीं रेशम विभाग के अधिकारी और विशेषज्ञ किसानों को प्रशिक्षण देंगे कि कैसे उच्च गुणवत्ता वाला कोकून तैयार किया जाए और तैयार धागे से मूल्यवर्धित उत्पाद बनाए जा सकें।
स्थानीय उत्पादों को मिलेगा मंच
मेले में स्थानीय स्व-सहायता समूह, महिला उद्यमी और युवा स्टार्टअप भी अपने-अपने उत्पादों का प्रदर्शन करेंगे। इस अवसर पर हस्तशिल्प, कृषि आधारित उत्पाद, प्रसंस्कृत खाद्य पदार्थ और रेशमी वस्त्र भी प्रदर्शित व बिक्री के लिए रखे जाएंगे। आयोजन समिति के अनुसार इससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को बल मिलेगा और स्थानीय उत्पादों को व्यापक पहचान मिलेगी।
किसानों को सीधा लाभ
मेले में बैंकों और सहकारी संस्थाओं के भी स्टॉल लगाए जाएंगे, जहां किसानों को ऋण सुविधा, बीमा योजनाओं और सरकारी अनुदान की जानकारी दी जाएगी। कृषि यंत्रों व उपकरणों की प्रदर्शनी भी आयोजित की जाएगी, ताकि किसान नई तकनीकों से जुड़कर अपनी पैदावार बढ़ा सकें।
उप मुख्यमंत्री की उपस्थिति का महत्व
उप मुख्यमंत्री श्री अरूण साव की उपस्थिति से मेले की गरिमा और बढ़ जाएगी। जिले के प्रभारी मंत्री होने के नाते वे सीधे किसानों की समस्याओं को सुनेंगे और उनके निराकरण के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश देंगे। स्थानीय जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के अनुसार उप मुख्यमंत्री का यह दौरा किसानों और रेशम उत्पादकों के लिए प्रेरणादायी होगा तथा राज्य सरकार की किसानोन्मुखी योजनाओं की जमीनी जानकारी देने का अवसर बनेगा।